• असीम अधिकार • असीम शक्ति • असीम शक्ति | |
unlimited: अपरिसीमित असीमित | |
power: राज विद्युत् | |
unlimited power मीनिंग इन हिंदी
unlimited power उदाहरण वाक्य
उदाहरण वाक्य
- This theory prevents everyone from having unlimited power and guards individual freedom.
ये सिद्धांत राज्य को सर्वाधिकारवादी होने से बचा सकता है तथा व्यक्ति की स्वतंत्रता की रक्षा करता है - While the Executive has almost unlimited right to initiate and formulate legislative and financial proposals before Parliament and to give effect to approved policies unfettered and unhindered by Parliament , the latter has the unlimited power to call for information , to discuss , to scrutinise and to put the seal of popular approval on proposals made by the Executive .
यदि कार्यपालिका को विधायी और वित्तीय प्रस्ताव तैयार करने और उन्हें संसद के समक्ष रखने तथा स्वीकृत नीतियों को , संसद द्वारा किसी भी प्रकार की अड़चन पैदा किए बिना , कार्यरूप देने का लगभग असीमित अधिकार प्राप्त है तो संसद को सूचना प्राप्त करने , चर्चा करने , छानबीन करने और कार्यपालिका द्वारा प्रस्तुत प्रस्तावों पर जन-प्रतिनिधियों की स्वीकृति की मुहर लगाने की असीम शक्ति प्राप्त है . - According to Supreme court's decission, in Article 324 [1] the execution powers of the election commission cannot be controlled by work council. Its powers can only be controlled by Electoral and constitutional measures and by Parliament Election Law. The power of Election's supervision, direction, control also lies the duty to conduct free and fair elections in the country. Wherever Parliament methods are silent regarding the election, there election commission holds unlimited power to conduct fair election. Although natural justice, the rule of law and power utilization should happen by it.
2.सुप्रीम कोर्ट के निर्णयानुसार अनु 324[1] मे निर्वाचन आयोग की शक्तियाँ कार्यपालिका द्वारा नियंत्रित नहीं हो सकती उसकी शक्तियां केवल उन निर्वाचन संबंधी संवैधानिक उपायों तथा संसद निर्मित निर्वाचन विधि से नियंत्रित होती है निर्वाचन का पर्यवेक्षण निर्देशन नियंत्रण तथा आयोजन करवाने की शक्ति मे देश मे मुक्त तथा निष्पक्ष चुनाव आयोजित करवाना भी निहित है जहां कही संसद विधि निर्वाचन के संबंध मे मौन है वहां निष्पक्ष चुनाव करवाने के लिये निर्वाचन आयोग असीमित शक्ति रखता है यधपि प्राकृतिक न्याय विधि का शासन तथा उसके द्वारा शक्ति का सदुपयोग होना चाहिए